व्रत रखने के नियम
व्रत केवल उपवास नहीं, बल्कि संयम और आत्मशुद्धि का साधन है। व्रत का संकल्प दृढ़ता से करें। व्रत के दिन सात्विक विचार रखें और क्रोध से बचें।
व्रत में क्या करें
- प्रातः स्नान कर देवता का ध्यान करें
- व्रत कथा का पाठ करें
- संध्या को पूजा और आरती करें
- पारण के समय शुद्ध भोजन ग्रहण करें
पारण का समय
व्रत का पारण अगले दिन सूर्योदय के बाद करना चाहिए। पारण से पहले दान या भोजन करने से व्रत का फल नहीं मिलता।